1977 क न्यू यॉर्क आतंक: 'सन ऑफ सैम' क अंतिम गोलिया आ स्टेसी क अधूरा सपना

1977 क न्यू यॉर्क आतंक: 'सन ऑफ सैम' क अंतिम गोलिया आ स्टेसी क अधूरा सपना · Avonetics
1977 क न्यू यॉर्क शहर में डर आ आशंका क वातावरण छल। 'सन ऑफ सैम' नाम सँ कुख्यात एक अज्ञात बंदूकधारी राति क अन्हार में बेगुनाह युवक-युवतियों कऽ अपन शिकार बना रहल छल। 30 जुलाई क राति 20 बरखक स्टेसी रोबिन मोस्कोवित्ज अपन पहिल डेट पर बाहर निकललीह, ई बात सँ अनजान जे ई ओकर जीवन क अंतिम राति साबित हेतै।
स्टेसी आ ओकर साथी रॉबर्ट वायोलेंट ब्रुकलिन क बाथ बीच इलाका में शोर पार्कवे क किनारे कार में बैसि कऽ गप मारि रहल छलाह। अचानक अन्हार सँ एक खौफनाक आकृति सामने आएल। बिना ककरो किछु कहने, हमलावर .44 कैलिबर रिवॉल्वर सँ दनादन गोलिया चला देलक। दुनू कऽ सिर में गोली लागल।
Read next1970 क दशकक बीभत्स नरसंहार: समाजक अन्हार कोना सँ उठल सीरियल किलरक रहस्यमयी बाढ़ि!रॉबर्ट ई भीषण हमला में बाँचि गेलाह मुदा ओकर आँखिक रोशनी अनाम अंधकार में लीन भऽ गेल। दोसर तरफ, स्टेसी अस्पताल में 36 घंटा धरि जीवन आ मृत्यु सँ जूझैत-जूझैत 1 अगस्त कऽ अंतिम साँस लेलन्हि। ई हत्या सँ पूरा न्यू यॉर्क में हाहाकार मचि गेल छल।
ई घटना क बाद पुलिस जाँच आ जनमानस में दुई विचार स्पष्ट रूप सँ उभरि कऽ आएल। एक पक्षक दाबा छल जे गिरफ्तार भेल डेविड बार्कोविट्ज़ अकेले ई पूरा खौफनाक खेल कऽ अंजाम देलक। ओकर पाछु सँ भेटल हथियार आ ओकर स्वीकारोक्ति ई बात क पुष्टि करैत अछि।
मुदा दोसर पक्षक माननाय छल जे प्रत्यक्षदर्शियों क बयान आ गवाह क स्केच बार्कोविट्ज़ सँ मेल नहि खाइत छल। कतेको जासूस आ पत्रकार सभक माननाय अछि जे ई हत्या में एक सँ अधिक लोक आ एक गुप्त पंथ क हाथ छल, जाहि पर पुलिस कखनो पूरी तरह सँ पर्दा नहि उठा सकल।
ई खौफनाक आपराधिक इतिहास क गभीर आ रहस्यमयी पहलु सभ क विस्तृत समीक्षा लेल हामर पॉडकास्ट शो क ई खास एपिसोड जरूर सुनू।